कलम उठाई है लफ्ज नहीं मिलता जिसको ढूंढ रहे हैं वह शख्स नहीं मिलता फिरते हो तुम जमाने की तलाश में बस हमारे लिए तुम्हें वक्त नहीं मिलता

कलम उठाई है लफ्ज नहीं मिलता जिसको ढूंढ रहे हैं वह शख्स नहीं मिलता फिरते हो तुम जमाने की तलाश में बस हमारे लिए तुम्हें वक्त नहीं मिलता

मुस्कुरा कर मिला करो हमसे कुछ कहा कुछ सुना करो हमसे बात करने से ही बात बढ़ती है जनाब इसलिए रोज बात किया करो हमसे

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हमने तनहाई में जंजीर से बातें की है अपनी सोई हुई तकदीर से बातें की तेरे दीदार की क्या खाकर तमन्ना होगी जिंदगी भर में तेरी तस्वीर से बातें की????????????????????

जिंदगी में एक पल सुकून ना पाया दुनिया की इस भीड़ में खुद को तन्हा पाया तेरे जख्मों को प्यार समझते रहे तेरी इसी बुलावे के पीछे और किसी से दिल ना लगाया

उसने कहा बस इतनी सी मुलाकात बहुत है रो रो के कहा ठहरो अभी रात बहुत है आंसू मेरे थम जाए तो फिर जाना सबसे ऐसे में कहां जाओगे बरसात बहुत है

हमें अपने दिल में बसाए रखना हमारी यादों के चिराग जलाए रखना बहुत लंबा है सफर जिंदगी का एक हिस्सा में भी बनाए रखें

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तुम मिलो ना मिलो मिलने का गम नहीं तुम पास निकल जाओ तो मिलने से कम ने मना कि तुम्हें कदर नहीं हमारे पर उनसे पूछो जिन्हें हासिल होने

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मांगी थी दुआ आशियाने की चल पड़ी आंधियां जमाने की मेरे गम को कोई ना समझ सका क्योंकि मेरी आदत थी मुस्कुराने की

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वह दिल ही क्या जो तेरे मिलने की दुआ ना करें मैं तुझको भूल कर जिंदा रहूं खुदा ना करें

आज कह दिया फिर ना कहना कभी मेरी नजरों से दूर दूर ना रहना कभी खुशी बनकर लफ्जों पर आए हो तुम ही आस्क बनकर आंखों से ना बना??????

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कोई जलाता भी नहीं हर कोई बहाता भी नहीं इस कदर अकेले हैं राहों में दिल ही कोई सताता भी नहीं और कोई मनाता भी नहीं????????????????????????

अहंकार में 3 गए धन वैभव और वंश ना मानो तो देख लो रावण कौरव कंस

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